शांति से जियो और जीने दो…

विश्व शांति दिवस पर विशेष

ललित शौर्य, पिथौरागढ

शांति शक्ति का प्रतीक है। एक ऐसी शक्ति जो हमें असीम ऊर्जा से भर देती है। जो हमारे अन्तःकरण में सकरात्मक विचारों का स्त्रोत प्रस्फुटित करती है। हमारे भावों को पावन करती है। शांति के द्वारा ही शुचिता के विचार पोषित होते हैं। शांति अहिंसा के लिए उद्वेलित करती है। हमें दया और प्रेम के मार्ग की ओर उन्मुख करती है। शांति से ही सम्पन्नता का आगमन होता है। वैचारिक शांति श्रद्धा उत्पन्न करती है।

महान हिमालय की महानता उसकी उन्नत पर्वत श्रृंखलाएँ नहीं हैं, उसकी रजत सदृश आभा नहीँ है, उसका विस्तार नहीँ है, उसका विराट स्वरूप नहीँ है अपितु हिमालय की महानता उसका शांत स्वरूप है। उसकी गांभीर्यता है। उसकी विनम्रता है। मानव अथवा पशु सभी हिमालय की गोद में शांति का अनुभव करते हैं। वह शांति जिसकी प्राप्ति के लिए सभी भटकते रहते हैं। शांति की खोज निश्चित ही देवत्व की खोज है। ईश्वर को शांति प्रिय है। जिसे शांति प्रिय है वो ईश्वर का कृपा पात्र है। शांति का भाव बंधुत्व के भाव को जन्म देता है।

जहां शांति है वहां राग-द्वेष, असहिष्णुता, बैर, दुःख कुछ भी नही है। इससे ह्रदयों में अनुराग उत्पन्न होता है। मानवीयता प्राण पाती है। शांति जहां हैं वहां संघर्ष कभी नहीँ है। हमारे देश के अनेकों महापुरुषों, संतों, ऋषियों ने शान्ति की खोज में अपने जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा लगा दिया। उन्होंने शांति के लिए सारे वैभव त्याग दिए। शांति सबसे बड़ा सुख है। उसके सामने महलों का आनन्द भी धूल है।

महात्मा बुद्ध ने शांति की खोज एवं विश्व शांति के लिए अपना सारा जीवन होम कर दिया। उनके अमृतमयी उपदेशों में कहा गया है कि, “हजारों खोखले शब्दों से अच्छा वह एक शब्द है जो शांति लाये”। अर्थात संवाद वही उत्तम है जो शांति का मार्ग प्रसस्त करे। जो शांति तक पहुचाये। विवाद वाले संवादों से सदैव बचना चाहिए।

महावीर स्वामी ने कहा है कि, “हम शांति से जियें और दूसरोँ को भी शांति से जीने दें”। यही हम सबके जीवन का सिद्धान्त होना चाहिए। यह सिद्धान्त विश्व कल्याण का मंत्र है। विश्व का मंगल शांति के मार्ग से ही सम्भव है। महात्मा गाँधी सदैव से विश्व शांति के पक्षधर रहे। उन्होंने देश की आजादी के लिए शांति का मार्ग अपनाया। अनादिकाल से ही भारत विश्व शांति का संदेश प्रसारित करता रहा है। शांति से ही मानव मात्र का उत्थान एवं कल्याण सम्भव है।

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